कैंसर में तांत्रिक बूटी पीला धतूरा, जिसने आजमाया उसका दिमाग फिरा

कैंसर में तांत्रिक बूटी पीला धतूरा, जिसने आजमाया उसका दिमाग फिरा
पंकज अवधिया

आपका बेटा कोमा में चला गया है ऐसा आपका कहना है.

वह कैंसर की अंतिम अवस्था में है और डाक्टर कह रहे हैं कि अब बचने की कोई उम्मीद नही है. आप बेटे का इलाज कर रहे व्यक्ति के साथ मेरे पास आये हैं और चाहते हैं कि मैं कुछ करूं.

मैंने आपके साथ आये व्यक्ति से बात की है. मुझे वह पारम्परिक चिकित्सक या वैद्य नही लगता है. वह विशुद्ध तांत्रिक है और उसे कैंसर की समझ कम लगती है. 

आप पिछले कुछ दिनों से उसकी शरण में है. वह आपको पांच प्रकार के जंगली फून्लो से तैयार दवा दे रहा है जिसे रोगी को दिन में कई बार लेना है. उसका कहना है कि उसकी दवा अचूक है और कैंसर कुछ दिनों में जड़ से खत्म हो जाएगा.

उसकी दवा बहुत महंगी है. आपको प्रतिदिन केवल फूलों के लिए हजारों रूपये खर्च करने पड़ रहे हैं. आपको पैसो की चिंता नही है. आप सम्पन्न हैं और अपने बेटे को किसी भी कीमत पर ठीक होता देखना चाहते हैं.

आपने बताया कि जब से तांत्रिक की दवा तैयार हुयी है तब से बेटे को बहुत नींद आती है और तांत्रिक का दावा है कि नींद आना कैंसर के ठीक होने का लक्ष्ण है.

धीरे-धीरे यह नींद बेहोशी में बदलती चली गयी और अब बेटा बिलकुल होश में नही है. आपके निजी डाक्टर ने इसे कोमा कहा है और मृत्यु की सूचना के लिए तैयार रहने को कहा है.

जिन पांच तरह के जंगली फूलों से आपके तांत्रिक दवा बना रहे हैं उनमे पीला धतूरा भी है जो दुर्लभ है.

पीला धतूरा बहुत ही जहरीली वनस्पति है और आपके बेटे को देखकर कोमा का भान कम और नशे का भान ज्यादा होता है.

आपके बेटे को पीला धतूरा बिना शोधित किये दिया जा रहा है. यह तांत्रिक के अल्प ज्ञान की ओर इशारा करता है. उसने नाहक ही आपके बेटे को बेहोश करके रखा.

मैंने आपके बेटे के तलवों पर जड़ी-बूटी का लेप लगाकर आरम्भिक परीक्षण किये हैं. वह ठीक है और आप चाहे तो नये सिरे से उसके कैंसर की चिकित्सा हो सकती है.

मैं आपको यही सलाह दूंगा कि आप पीले धतूरे के विष को कम करने के लिए वैकुण्ठ बूटी का सेवन कुछ दिनों तक करें.

मैं आपको चित्रकूट के एक वैद्य जी का पता दे रहा हूँ. वे आपको यह बूटी दे देंगे और साथ ही आगे की चिकित्सा का मोर्चा सम्भाल लेंगे. आप इस तांत्रिक को इसी दम नमस्कार कह दीजिये.

मुझे विश्वास है कि सब कुछ ठीक हो जाएगा.

मेरी शुभकामनाएं आपके साथ हैं.
-=-=-
कैंसर की पारम्परिक चिकित्सा पर पंकज अवधिया द्वारा तैयार की गयी 1000 घंटों से अधिक अवधि की  फिल्में आप इस लिंक पर जाकर देख सकते हैं. 

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