कैंसर में पेंग और हडजोड, Cytarabine के साथ करे आँखों को कमजोर

कैंसर में पेंग और हडजोड, Cytarabine के साथ करे आँखों को कमजोर
पंकज अवधिया

आपकी आँखों की समस्या किसी को भी असमंजस में डाल सकती है.  चलिए इसका समाधान खोजने की कोशिश करते हैं.

आप केन्या से आई हैं और आपको आँखों की तकलीफ है. पिछले कुछ महीनो से आपको नीले और पीले रंग को देखने में दिक्कत हो रही है. ये रंग आपकी आँखों से नही दिखाई देते हैं. आपने दुनिया भर के नेत्र चिकित्सकों से जांच करवाई. उन्होंने दवाएं दी पर आपकी समस्या जस की तस रही. अब आपने मुझसे मिलने का समय लिया है इस उम्मीद में कि शायद पारम्परिक चिकित्सा से आपको राहत मिल सके.

आपने बताया कि आप कैंसर रोगी भी हैं और यूरोप में आपकी चिकित्सा चल रही है. आपको दी जा रही कैंसर की दवा के बारे में भी आपने बताया.

चर्चा के दौरान मुझे पता लगा कि आप भारतीय जड़ी-बूटियों की सदा से प्रशंसक रही हैं. आपने अपनी सारी समस्याओं के समाधान के लिए एक फार्मूला बनाया है और उसे आप नियमित ले रही है.

इस फार्मूले में आपने जोड़ों के दर्द के लिए हडजोड, नींद के लिए ब्राम्ही, सिरदर्द के लिए पेंग, हड्डियों के लिए अर्जुन, सांस के लिए कुकरौन्दा, मुंह के लिए अकरकरा, लीवर के लिए भुईआंवला  इस प्रकार तीस जड़ी-बूटियाँ चुनी और प्रयोग करने लगी. आपने इस फार्मूले के बारे में किसी जानकार से सलाह नही ली. आपका कहना है कि इससे आपको बहुत लाभ हुआ है.

आपको अपनी कैंसर की दवा पर शक है पर आपके डाकटर ने बताया कि उनकी दवा से ऐसा बुरा प्रभाव नही होता है आँखों पर.

मैं आपको बताना चाहता हूँ कि आप कैंसर के लिए Cytarabine नामक जो दवा ले रही हैं उसकी आपके फार्मूले में उपस्थित जड़ी-बूटियों से नकारात्मक प्रतिक्रिया हो रही है. इसके कारण आपको आँखों के अलावा दूसरी शारीरिक और मानसिक समस्याएं भी हो रही है.

मैंने अपने अनुभव से जाना है कि हडजोड और  पेंग पर आधारित औषधीय मिश्रण को Cytarabine के साथ देने से बचना चाहिए. आप इन दोनों वनस्पतियों को अपने फार्मूले से हटा दें तो आपके आँखों की समस्या का तुरंत अंत हो सकता है.

मैं आपको सलाह देना चाहूंगा कि अपने मन से औषधीयों को मिलाकर प्रयोग करने का जोखिम न उठाये. हमेशा किसी जानकार से सलाह लेने के बाद ऐसा करें.  

मेरी शुभकामनाएं आपके साथ हैं.

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कैंसर की पारम्परिक चिकित्सा पर पंकज अवधिया द्वारा तैयार की गयी 1000 घंटों से अधिक अवधि की  फिल्में आप इस लिंक पर जाकर देख सकते हैं. 
सर्वाधिकार सुरक्षित
 E-mail:  pankajoudhia@gmail.com

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